भारत सरकार, एनसीईआरटी तथा हरियाणा सरकार के माध्यमिक शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार हमारे विद्यालय में दिनांक 01 जून 2026 से 07 जून 2026 तक “भारतीय भाषा शिविर (Bharatiya Bhasha Camp)” का आयोजन किया गया। इस शिविर का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय भाषाओं के प्रति सम्मान, रुचि एवं जागरूकता विकसित करना था।
शिविर के दौरान राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय थाना में कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विभिन्न गतिविधियों जैसे भाषण प्रतियोगिता, कविता पाठ, कहानी वाचन, निबंध लेखन, शब्दावली निर्माण, लोकगीत प्रस्तुति तथा विभिन्न भारतीय भाषाओं के परिचय संबंधी कार्यक्रम आयोजित किए गए। विद्यार्थियों को देश की भाषाई विविधता और सांस्कृतिक विरासत के महत्व से अवगत कराया गया।
विद्यालय के प्रभारी डॉ अनिल सांखला ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय भाषाएँ हमारी संस्कृति और पहचान की आधारशिला हैं तथा इनके संरक्षण और संवर्धन में विद्यार्थियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। शिक्षकों ने भी विद्यार्थियों को विभिन्न भारतीय भाषाओं के महत्व एवं उनके व्यावहारिक उपयोग के बारे में जानकारी प्रदान की।
संपूर्ण सप्ताह आयोजित गतिविधियों में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। शिविर के समापन अवसर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य (डीडीओ) श्री बलदेव जी ने कहा इस शिविर का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय भाषाओं के प्रति सम्मान, रुचि एवं जागरूकता विकसित करना था।
इस प्रकार “भारतीय भाषा शिविर” का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ तथा विद्यार्थियों में भारतीय भाषाओं के प्रति नई जागरूकता और सम्मान की भावना विकसित हुई।








💎*भारतीय भाषा समर कैंप –
दिन अनुसार गतिविधियाँ•••
*🔶*पहला दिन – परिचय और अभिवादन*🔺बच्चों का परिचय करवाना🔺नमस्ते, धन्यवाद जैसे शब्द सिखाना🔺गिनती और अक्षर सिखाना🔺छोटे-छोटे संवाद बोलने का अभ्यास🔺भाषा से जुड़े खेल करवाना—
🔶*दूसरा दिन – शहर और बातचीत*🔺प्रसिद्ध शहरों की जानकारी देना🔺बाजार, स्कूल आदि की बातचीत सिखाना🔺प्रश्न पूछने और उत्तर देने का अभ्यास🔺समूह में बोलने की गतिविधि🔺संवाद प्रतियोगिता करवाना—
🔶*तीसरा दिन – कला और संस्कृति*🔺गीत और कविता सुनाना🔺चित्रकला प्रतियोगिता🔺लोक नृत्य करवाना🔺कहानी सुनाना🔺सांस्कृतिक गतिविधियाँ करवाना—
🔶*चौथा दिन – भोजन और रसोई*🔺फलों और सब्जियों के नाम सिखाना🔺मसालों की पहचान करवाना🔺पारंपरिक भोजन की जानकारी देना🔺स्वस्थ भोजन पर चर्चा🔺भोजन से जुड़े खेल करवाना—
🔶*पाँचवाँ दिन – महान व्यक्तियों की जानकारी*🔺स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में बताना🔺प्रेरणादायक कहानियाँ सुनाना🔺भाषण प्रतियोगिता करवाना🔺समूह चर्चा करवाना🔺पोस्टर बनवाना—
🔶*छठा दिन – इतिहास और भूगोल*🔺भारत का नक्शा दिखाना🔺नदियों और पहाड़ों की जानकारी देना🔺ऐतिहासिक स्थानों के बारे में बताना🔺प्रश्नोत्तरी करवानास्मारकों के चित्र बनवाना
🔶*सातवाँ दिन – पारंपरिक खेल और समापन*🔺पारंपरिक खेल खिलवाना🔺बच्चों का प्रतिभा प्रदर्शन करवाना🔺प्रेरणादायक बातें साझा करना🔺प्रमाण पत्र वितरण करना🔺समूह फोटो और समापन कार्यक्रम—
🔶*सभी दिनों के लिए सामान्य गतिविधियाँ•••*▪️ *प्रार्थना सभा*🔺उपस्थिति दर्ज करना🔺फोटो और वीडियो बनाना🔺बच्चों से फीडबैक लेना